शिक्षक–अभिभावक सहभागिता: उज्ज्वल भविष्य की ओर कदम
RSKS INDIA द्वारा संचालित पाठशाला कार्यक्रम के अंतर्गत हाल ही में अभिभावक-शिक्षक बैठक (PTM) का सफल आयोजन किया गया। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य बच्चों की शैक्षणिक प्रगति, व्यवहारिक विकास एवं नियमित उपस्थिति पर अभिभावकों और शिक्षकों के बीच सार्थक संवाद स्थापित करना था। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अभिभावकों की सहभागिता रही, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि वे अपने बच्चों के भविष्य और शिक्षा को लेकर गंभीर एवं जागरूक हैं। बैठक की शुरुआत पाठशाला के उद्देश्यों, अब तक की उपलब्धियों और बच्चों के समग्र विकास पर प्रकाश डालते हुए की गई।
PTM के दौरान शिक्षकों ने प्रत्येक बच्चे की शैक्षणिक स्थिति, सीखने की क्षमता, रुचियों एवं चुनौतियों के बारे में अभिभावकों को विस्तार से जानकारी दी। बच्चों की पढ़ाई के साथ-साथ उनके नैतिक, सामाजिक एवं भावनात्मक विकास पर भी चर्चा की गई। अभिभावकों को यह समझाया गया कि घर का सकारात्मक वातावरण और नियमित सहयोग बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को और अधिक मजबूत बनाता है। बैठक में बच्चों की नियमित उपस्थिति, समय पर गृहकार्य, स्वच्छता, अनुशासन तथा डिजिटल संसाधनों के संतुलित उपयोग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी विचार-विमर्श किया गया। अभिभावकों ने भी अपने अनुभव साझा किए और बच्चों से जुड़ी समस्याओं व सुझावों पर खुलकर संवाद किया।
इस PTM बैठक ने विद्यालय और परिवार के बीच आपसी विश्वास एवं सहयोग को और अधिक मजबूत किया। RSKS INDIA का यह प्रयास केवल शिक्षा तक सीमित न होकर बच्चों के सर्वांगीण विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। बैठक के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि जब शिक्षक और अभिभावक मिलकर कार्य करते हैं, तब बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की नींव और भी सशक्त बनती है। अंत में सभी अभिभावकों से बच्चों की शिक्षा में निरंतर सहयोग देने और पाठशाला से जुड़े रहने की अपील की गई। यह PTM निस्संदेह बच्चों के बेहतर शैक्षणिक वातावरण के निर्माण की दिशा में एक प्रेरणादायी पहल सिद्ध हुई।
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