वित्तीय जागरूकता से सशक्त बनती महिलाएं
राजस्थान समग्र कल्याण संस्थान द्वारा ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए महिला स्वयं सहायता समूह (SHG) के साथ आर्थिक सशक्तिकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को बैंकिंग प्रणाली से जोड़ना, उन्हें बचत और ऋण जैसी सुविधाओं के प्रति जागरूक करना और उनके आर्थिक अधिकारों के प्रति सजग बनाना था।
कार्यक्रम में महिलाओं को बैंक खाते खोलने, डिजिटल बैंकिंग, लोन प्रक्रिया और बचत योजनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने महिलाओं को बताया कि कैसे वे अपने समूह के माध्यम से संयुक्त रूप से ऋण ले सकती हैं और छोटे व्यवसाय या कृषि गतिविधियों में निवेश कर अपनी आय बढ़ा सकती हैं। महिलाओं ने सक्रिय रूप से प्रश्न पूछे और अपने अनुभव साझा किए, जिससे कार्यक्रम और भी प्रभावी बना।
इस पहल से न केवल महिलाओं का आत्मविश्वास बढ़ा, बल्कि उन्हें अपने परिवार की आर्थिक जिम्मेदारियों में भागीदारी करने का अवसर भी मिला। ग्रामीण महिलाएं अब बैंकिंग सेवाओं के माध्यम से अपने व्यवसाय और घर की आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने में सक्षम हो सकेंगी। राजस्थान समग्र कल्याण संस्थान का यह कार्यक्रम ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो उन्हें वित्तीय स्वतंत्रता और आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर करता है।

टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें